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हनुमान मंत्र

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ॐ नमो हनुमते रुद्रावताराय विश्वरूपाय अमित विक्रमाय

प्रकटपराक्रमाय महाबलाय सूर्य कोटिसमप्रभाय रामदूताय स्वाहा।


मंत्र करने की  विधि : 

  1. स्नान के बाद श्री हनुमान की पंचोपचार पूजा यानी सिन्दूर, गंध, अक्षत, फूल, नैवेद्य चढ़ाकर गुग्गल धूप व दीप जलाकर लाल आसन पर बैठ कर जीवन को सफल व पीड़ामुक्त बनाने की इच्‍छा से  हनुमान मंत्र का जप करें व श्री हनुमानजी की आरती करें।
  2. किसी भी संकट से बचने और सुरक्षित रहने के लिए हनुमान चालीसा, बजरंग बाण, सुंदरकांड, रामायण, रामरक्षा स्तोत्र का पाठ करें।
  3. हनुमान जन्मोत्सव पर और बाद में साल में एक बार किसी भी मंगलवार को रक्तदान करने से आप हमेशा दुर्घटनाओं से बचें रहेंगे।
  4. 'ॐ क्रां क्रीं क्रों स: भौमाय नम:' मंत्र की 1 माला जाप हनुमान जयंती व मंगलवार को करना शुभ होता है। इसी तरह हनुमान जन्मोत्सव पर या मंगलवार को हनुमानजी को देसी घी से बने 5 रोट का भोग पर लगाने से दुश्मनों से मुक्ति मिलती है।
  5. यदि व्यापार में वृद्धि प्राप्त करना चाहते हैं तो हनुमान जन्मोत्सव पर सिन्दूरी रंग का लंगोट हनुमानजी को पहनाइए। हनुमान जन्मोत्सव पर मंदिर की छत पर लाल झंडा लगाने से आकस्मिक संकटों से मुक्ति मिलती है। जातक अपना तेज और शक्ति बढ़ाने के लिए हनुमान जन्मोत्सव के दिन हनुमान चालीसा, बजरंग बाण, सुंदरकांड, रामायण, रामरक्षा स्तोत्र का पाठ करें।
  6. मानसिक रूप से अस्वस्थ व्यक्ति की सेवा हनुमान जयंती के दिन और बाद में महीने में किसी भी एक मंगलवार को करने से आपका मानसिक तनाव हमेशा के लिए दूर हो जाएगा। 
किस कामना के लिए हनुमान जी को क्या चढ़ाएं...

* दरिद्रता दूर करने के लिए प्रति मंगलवार चना-चिरौंजी चढ़ाएं।

* सौभाग्य, पुत्र कामना के लिए सिंदूर एवं चमेली का तेल चढ़ाएं।

* कष्ट दूर करने गुड़ और मूंग चढ़ाएं।

* सुखों की वृद्धि के लिए हनुमानजी को ॐ हनुमते नमः की माला जपें।
* पराक्रम वृद्धि के लिए हनुमानजी की गदा में सिंदूर व गाय का घी लगाकर लगाएं।

* अपने परिवार की उन्नति के लिए चमेली के पुष्प चढ़ाएं।

* संपत्ति के लिए गुड़, चना चढ़ाएं और घी के दीपक जलाएं।

* कष्टों से निवारण हेतु हनुमानजी को सिंदूर, नारियल और लड्डू अर्पण करें।
* जमीन, जायदाद के कार्यों की सफलता के लिए हनुमान चालीसा के 11 पाठ प्रतिदिन करें। लड्डू, नारियल का भोग लगाएं।

* सुखों में वृद्धि व कोर्ट कचहरी के मामले से निपटने के लिए तेल का दान करें।

* रूके हुए कार्यों में सफलता के लिए घी और सिंदूर का चोला और पीपल के पत्तों की माला राम नाम लिखकर चढ़ाएं।
* समस्त कार्य, मान-सम्मान की प्राप्ति के लिए हनुमानजी को केशर के जल से स्नान कराएं।


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